शनिवार, 31 जनवरी 2026

अनुभूति कार्यक्रम: प्रकृति–संरक्षण की चेतना जगाने वाली दूरदर्शी पहल

खंडवा- तेजी से बदलते पर्यावरणीय परिदृश्य, बढ़ते प्रदूषण और जैव विविधता के क्षरण के बीच प्रकृति के प्रति संवेदनशील नागरिकों का निर्माण आज की सबसे बड़ी आवश्यकता बन गया है। इसी आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए वन विभाग द्वारा मध्यप्रदेश इको पर्यटन विकास बोर्ड के सहयोग से संचालित अनुभूति कार्यक्रम एक प्रभावी, व्यवहारिक और दूरगामी पहल के रूप में सामने आया है।

कार्यक्रम की अवधारणा एवं उद्देश्य

अनुभूति कार्यक्रम का मूल उद्देश्य स्कूली विद्यार्थियों को वन संपदा, जैव विविधता, औषधीय पौधों, तितलियों और वन्यजीवों के महत्व से परिचित कराते हुए उनके संरक्षण के प्रति जागरूक और जिम्मेदार बनाना है। यह कार्यक्रम पुस्तकीय ज्ञान से आगे बढ़कर अनुभव आधारित शिक्षा पर केंद्रित है, जिससे बच्चे प्रकृति को केवल समझते नहीं, बल्कि उससे भावनात्मक रूप से जुड़ते हैं।

पूर्व कालीभीत में प्रभावी क्रियान्वयन

खंडवा जिले के वन परिक्षेत्र पूर्व कालीभीत में आयोजित अनुभूति शिविर के अंतर्गत शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय रोशनी की लगभग 100 छात्राओं ने सक्रिय सहभागिता की। शिविर के दौरान विद्यार्थियों को वनों का महत्व, पर्यावरण संतुलन, जैव विविधता संरक्षण, जलवायु परिवर्तन, जल संरक्षण एवं वन्यजीव संरक्षण जैसे विषयों पर वैज्ञानिक एवं व्यवहारिक जानकारी प्रदान की गई।

वन परिक्षेत्र अधिकारी श्री वीरेन्द्र अचालिया ने जानकारी देते हुए बताया कि इस वर्ष अनुभूति कार्यक्रम की थीम “हम हैं धरती के दूत, अब अकेला नहीं” रखी गई है, जिसका उद्देश्य विद्यार्थियों में यह भाव विकसित करना है कि पर्यावरण संरक्षण किसी एक संस्था की नहीं, बल्कि सामूहिक जिम्मेदारी है।

अनुभवात्मक गतिविधियाँ: सीखने का जीवंत माध्यम

शिविर की विशेषता इसकी अनुभवात्मक गतिविधियाँ रहीं, जिनमें नेचर ट्रेल (जंगल भ्रमण), पक्षी दर्शन, वन्यजीवों के संकेतों की पहचान, प्रकृति आधारित खेल और पर्यावरण प्रश्नोत्तरी शामिल थीं। इन गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों ने प्रकृति को प्रत्यक्ष अनुभव किया, जिससे सीखने की प्रक्रिया अधिक रोचक और स्थायी बनी।

प्रशिक्षण और मार्गदर्शन

अनुभूति कैंप के मास्टर ट्रेनर श्री मुकेश राठौर ने विद्यार्थियों को सरल एवं प्रभावी तरीके से इको-पर्यटन, सतत विकास और प्राकृतिक संसाधनों के विवेकपूर्ण उपयोग की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस प्रकार के शिविर बच्चों में प्रकृति के प्रति अपनत्व, जिम्मेदारी और संरक्षण की भावना को मजबूत करते हैं।

कार्यक्रम के दौरान उपवनमंडल अधिकारी श्री विजेंद्र जावरिया ने अपने संबोधन में कहा कि अनुभूति कार्यक्रम भविष्य की पीढ़ी को पर्यावरणीय चुनौतियों के प्रति जागरूक करने का एक सशक्त माध्यम है और इससे समाज में दीर्घकालिक सकारात्मक परिवर्तन संभव है।

शैक्षिक सामग्री एवं सहभागिता

शिविर में सहभागिता करने वाले विद्यार्थियों को अनुभूति शैक्षिक किट एवं जानकारीपूर्ण ब्रोशर प्रदान किए गए, जिससे वे शिविर के बाद भी पर्यावरण संरक्षण से जुड़े विषयों पर अध्ययन और जागरूकता बनाए रख सकें।

पर्यावरण संरक्षण का संकल्प

कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों ने पौधरोपण, जल संरक्षण, प्लास्टिक के न्यूनतम उपयोग, वन एवं वन्यजीवों की रक्षा हेतु अपने स्तर पर सक्रिय भूमिका निभाने का संकल्प लिया। विभिन्न गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को सम्मानित भी किया गया, जिससे बच्चों का उत्साह और आत्मविश्वास बढ़ा।

समीक्षात्मक दृष्टिकोण

अनुभूति कार्यक्रम की सबसे बड़ी सफलता यह है कि यह बच्चों को प्रकृति का मौन दर्शक नहीं, बल्कि सक्रिय संरक्षक बनने की प्रेरणा देता है। यदि भविष्य में ऐसे शिविरों का दायरा ग्रामीण एवं शहरी दोनों क्षेत्रों में और बढ़ाया जाए, अभिभावकों की सहभागिता सुनिश्चित की जाए तथा शिविर पश्चात् अनुवर्ती गतिविधियाँ आयोजित हों, तो इसका प्रभाव और भी व्यापक व स्थायी हो सकता है।

कुल मिलाकर, अनुभूति कार्यक्रम केवल एक पर्यावरणीय जागरूकता अभियान नहीं, बल्कि पर्यावरणीय संस्कारों की आधारशिला है। यह पहल विद्यार्थियों को प्रकृति से भावनात्मक, नैतिक और व्यावहारिक रूप से जोड़ते हुए उन्हें एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में विकसित करने की दिशा में सार्थक कदम सिद्ध हो रही है।

कार्यक्रम के सफल आयोजन में श्री नरेन्द्र यादव, श्री सोहनसिंह सोलंकी, श्री गणेश काजले, श्री श्यामसिंह बघेल (वनपाल), श्री सूरजसिंह चौहान (कार्यवाहक उपवनक्षेत्राधिकारी) एवं श्री कैलाश सोलंकी (कार्यवाहक) सहित वनरक्षक श्री प्रदीप औझा, श्री मंगलसिंह किराड़े, श्री सौरभ तिवारी, श्री सुनील कुमार पटेल, श्री सोनू माण्डले, श्री ब्रिजेश कलमें, श्री राजेश बघेल, श्री आशुतोष मिश्रा, श्री उद्देश्य पटेल, श्री चेतन भलावी, श्री रमेश सोलंकी, श्री जयेश अत्रे, कु. कृष्णा टिकरिया, श्री राजकुमार दुबे, श्री अजय कुमार बैगा, श्री बसंत तोमर एवं श्री सिद्धार्थ श्रीवास्तव का उल्लेखनीय सहयोग रहा।

विकसित भारत गारंटी अभियान को गति देने हरसूद विधानसभा में VB-G RAM G जनजागरण मंडल टोलियों का गठन

खंडवा/पटाजन- भारतीय जनता पार्टी द्वारा केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी पहल “विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) विधेयक–2025” को जन-जन तक पहुँचाने के उद्देश्य से VB-G RAM G जनजागरण अभियान के अंतर्गत हरसूद विधानसभा क्षेत्र में मंडल स्तरीय जनजागरण टोलियों का गठन किया गया है।

भारतीय जनता पार्टी जिला खंडवा के जिलाध्यक्ष श्री राजपालसिंह तोमर द्वारा जारी आदेशानुसार विधानसभा क्षेत्र क्रमांक 176 हरसूद के अंतर्गत आने वाले ग्रामीण एवं नगर मंडलों में संयोजक एवं सह-संयोजकों की नियुक्ति की गई है। इन टोलियों का उद्देश्य केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, रोजगार एवं आजीविका से जुड़े कार्यक्रमों की जानकारी ग्रामीण क्षेत्रों के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाना है।

रोशनी मंडल में श्री मोनू जैन को संयोजक तथा श्री अनिल नवरे को सह-संयोजक बनाए जाने पर क्षेत्र में हर्ष का माहौल है। जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री दिव्यादित्य शाह के नेतृत्व में सत्तू यादव एवं मित्र मंडल पटाजन तथा हनुमान सेना के पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने इस नियुक्ति पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए दोनों नवनियुक्त पदाधिकारियों को बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं।

संगठनों ने विश्वास जताया कि श्री मोनू जैन एवं श्री अनिल नवरे के नेतृत्व में जनजागरण अभियान को नई ऊर्जा मिलेगी और केंद्र सरकार की योजनाएँ आमजन तक प्रभावी रूप से पहुँचेंगी।

जिलाध्यक्ष श्री राजपालसिंह तोमर ने सभी नवनियुक्त संयोजकों एवं सह-संयोजकों को शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि यह जनजागरण टोली विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी और सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को जमीनी स्तर तक पहुँचाने का कार्य करेगी।

शहीद मनोज गोलकार पी एम श्री शासकीय माध्यमिक शाला बोरगांव बुजुर्ग में दो दिवसीय वार्षिक उत्सव का आयोजन

बोरगांव बुजुर्गशहीद मनोज गोलकार पी एम श्री शासकीय माध्यमिक शाला बोरगांव बुजुर्ग में दिनांक 23 एवं 24 जनवरी 2026 को बड़े उत्साह और हर्षोल्लास के साथ दो दिवसीय वार्षिक उत्सव 2026 का आयोजन किया गया। यह इस क्षेत्र में पहली बार शासकीय शाला द्वारा इस प्रकार भव्य आयोजन था।

प्रथम दिवस – खेल प्रतियोगिताएँ:
उत्सव के पहले दिन विद्यार्थियों के लिए विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और खेल के माध्यम से शारीरिक कौशल, टीम वर्क और खेल भावना का प्रदर्शन किया।

द्वितीय दिवस – सांस्कृतिक और कला प्रतियोगिताएँ:
दूसरे दिन रंगोली, मेहंदी और चित्रकला प्रतियोगिताओं के साथ-साथ सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। विद्यार्थियों ने गीत, नृत्य और नाट्य प्रस्तुति में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। उपस्थित अतिथियों और अभिभावकों ने बच्चों के प्रयासों की सराहना की और विजेताओं को पुरस्कार वितरण किया।

उपस्थित अतिथियाँ और प्रशासनिक सहयोग:
कार्यक्रम में सरपंच नीमुबाई मुकेश मोरे, उपसरपंच दीपाली गंगराडे, एडीपीसी संगीता सोनवाने, सुरभी शर्मा, एपीसी राजेश भंगाले, विकासखंड शिक्षा अधिकारी जयेश पाटीदार सहित अनेक अभिभावक और ग्रामीण उपस्थित रहे। उनके मार्गदर्शन और सहयोग ने कार्यक्रम की सफलता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

व्यवस्था और संचालन:
शाला की टीम ने आयोजन को सुचारू रूप से संचालित करने में अहम योगदान दिया। शिक्षक अकलेश अत्रे, देवेंद्र महाजन और विनोद रजक ने कार्यक्रम की व्यवस्था सुनिश्चित की। कार्यक्रम की रूपरेखा और संचालन प्रदीप परते द्वारा किया गया। इसके अलावा, शाला के अन्य शिक्षक जैसे जशोदा मंडलोई, नीतू सोनी, आशा गाठे, कीर्ति अत्रे, रुपाली सोनी, सबीना कनासिया, माया पटेल, शबाना परवीन, शुभांगी पाटील, ज्योति महाजन, आकांक्षा पाटील, हेमलता मंडलोई ने कार्यक्रम में सक्रिय योगदान दिया।

अंत में: उपस्थित अतिथियों, अभिभावकों और ग्रामीणों ने इस प्रकार के प्रथम बार आयोजित वार्षिक उत्सव की सराहना की और शाला परिवार को बधाई दी। इस आयोजन ने न केवल बच्चों की प्रतिभा और सृजनात्मकता को मंच प्रदान किया, बल्कि शाला और समुदाय के बीच मजबूत सामंजस्य स्थापित करने का भी अवसर प्रदान किया।

सद्भावना मंच ने माखनलाल चतुर्वेदी को दी भावपूर्ण श्रद्धांजलि

खंडवा- भारतीय आत्मा, राष्ट्रीय लेखक, कवि, पत्रकार और स्वतंत्रता संग्राम सेनानी पद्म भूषण स्व. माखनलाल चतुर्वेदी की पुण्यतिथि पर सद्भावना मंच के सदस्यों ने माली कुआं स्थित मंच कार्यालय में एक भव्य पुष्पांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया।

कार्यक्रम की अध्यक्षता मंच के संस्थापक प्रमोद जैन ने की। उन्होंने अपने उद्बोधन में कहा कि माखन दादा के जीवन और आदर्शों से प्रेरणा लेकर हमें लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा और शताब्दी की ओर बढ़ती स्वतंत्रता की बुनियाद को मजबूत करना चाहिए। उन्होंने खंडवा जिले को गौरवान्वित बताते हुए कहा कि यह भूमि माखन दादा जैसी कर्मवीर और साहित्यिक शख्सियत की कर्मभूमि रही है।

कार्यक्रम की विशेष झलक

कार्यक्रम में मंच के सदस्यों ने माखन दादा की जीवनी और उनके योगदान को याद करते हुए पुष्पांजलि अर्पित की। मंच प्रवक्ता ने बताया कि इस अवसर पर उपस्थित सदस्यों ने माखन दादा के विचारों और उनके संदेशों को समाज में आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।

उपस्थित प्रमुख सदस्य:

  • मंच संस्थापक प्रमोद जैन
  • डॉ. जगदीशचंद्र चौरे
  • पूर्व डीएसपी आनंद पाल तोमर
  • देवेंद्र जैन, सुरेन्द्र गीते, गणेश भावसार, राधेश्याम शाक्य, ललित चौरे, मुरली कोडवानी, निर्मल मंगवानी, एनके दवे, तिलोक चौधरी, अनूप शर्मा, कैलाश पटेल, सुभाष मीणा

सभी उपस्थित सदस्यों ने माखन दादा के व्यक्तित्व और योगदान पर अपने विचार साझा किए।

मंच का संदेश और उद्देश्य

सद्भावना मंच ने इस अवसर पर दो प्रमुख संदेश दिए:

  1. साहित्य और राष्ट्रीय चेतना का संवर्धन: माखन दादा की रचनाओं और उनके आदर्शों से युवा पीढ़ी को प्रेरित करना।
  2. लोकतंत्र और एकता की दिशा में कदम: उनके बताए मार्ग पर चलकर समाज में एकता, सामाजिक सौहार्द और लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत करना।

मंच के सदस्य संकल्पित हैं कि वे माखन दादा के आदर्शों और साहित्यिक योगदान को याद रखते हुए समाज में सकारात्मक बदलाव और सांस्कृतिक चेतना को बढ़ावा देंगे।

यह कार्यक्रम न केवल माखन दादा को श्रद्धांजलि देने का अवसर था, बल्कि समाज के लिए साहित्यिक चेतना और नैतिक मूल्यों की स्मृति को जागृत करने वाला आयोजन भी साबित हुआ। सद्भावना मंच ने इस कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश दिया कि माखन दादा का जीवन और विचार आज भी समाज के लिए प्रेरणास्रोत हैं।

सद्भावना मंच ने महात्मा गाँधी को दी गई श्रद्धांजलि

खंडवा- माली कुआं स्थित सदभावना मंच कार्यालय पर महात्मा गाँधी को पुण्यतिथि पर मंच संस्थापक प्रमोद जैन की अध्यक्षता में मंच सदस्यों व्दारा महात्मा गॉंधी जी के छायाचित्र पर माल्यार्पण कर दो मिनट का मौन रख कर श्रद्धांजलि दी गयी। यह जानकारी देते हुए मंच प्रवक्ता निर्मल मंगवानी ने बताया कि इस मौके पर संस्थापक प्रमोद जैन नेे "हे राम" के साथ महात्मा गांधी की पुण्यतिथि पर राष्ट्रपिता को नमन कर श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि आज भी उनके सत्य, अहिंसा और सादगी के आदर्शों को याद किया जाता है। इस बीच मंच कार्यालय "गांधी जी अमर रहें" जैसे नारों से गूंजायमान हुआ। आयोजन के दौरान मंच संस्थापक प्रमोद जैन, डॉ जगदीशचंद्र चौरे, पूर्व डीएसपी आनंद पाल तोमर, देवेंद्र जैन, सुरेन्द्र गीते, गणेश भावसार, राधेश्याम शाक्य, ललित चौरे, मुरली कोडवानी,  निर्मल मंगवानी, एनके दवे, तिलोक चौधरी, अनूप शर्मा, कैलाश पटेल, सुभाष मीणा आदि सहित बड़ी संख्या में मंच सदस्यों ने उपस्थित होकर अपने विचार व्यक्त कर पुष्पांजलि के द्वारा गांधीजी के प्रति अपनी कृतज्ञता ज्ञापित की।

सद्भावना मंच ने माखनलाल चतुर्वेदी को दी भावपूर्ण श्रद्धांजलि

खंडवा- भारतीय आत्मा, राष्ट्रीय लेखक, कवि, पत्रकार और स्वतंत्रता संग्राम सेनानी पद्म भूषण स्व. माखनलाल चतुर्वेदी की पुण्यतिथि पर सद्भावना मंच के सदस्यों ने माली कुआं स्थित मंच कार्यालय में एक भव्य पुष्पांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया।

कार्यक्रम की अध्यक्षता मंच के संस्थापक प्रमोद जैन ने की। उन्होंने अपने उद्बोधन में कहा कि माखन दादा के जीवन और आदर्शों से प्रेरणा लेकर हमें लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा और शताब्दी की ओर बढ़ती स्वतंत्रता की बुनियाद को मजबूत करना चाहिए। उन्होंने खंडवा जिले को गौरवान्वित बताते हुए कहा कि यह भूमि माखन दादा जैसी कर्मवीर और साहित्यिक शख्सियत की कर्मभूमि रही है।

कार्यक्रम की विशेष झलक

कार्यक्रम में मंच के सदस्यों ने माखन दादा की जीवनी और उनके योगदान को याद करते हुए पुष्पांजलि अर्पित की। मंच प्रवक्ता ने बताया कि इस अवसर पर उपस्थित सदस्यों ने माखन दादा के विचारों और उनके संदेशों को समाज में आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।

उपस्थित प्रमुख सदस्य:

  • मंच संस्थापक प्रमोद जैन
  • डॉ. जगदीशचंद्र चौरे
  • पूर्व डीएसपी आनंद पाल तोमर
  • देवेंद्र जैन, सुरेन्द्र गीते, गणेश भावसार, राधेश्याम शाक्य, ललित चौरे, मुरली कोडवानी, निर्मल मंगवानी, एनके दवे, तिलोक चौधरी, अनूप शर्मा, कैलाश पटेल, सुभाष मीणा

सभी उपस्थित सदस्यों ने माखन दादा के व्यक्तित्व और योगदान पर अपने विचार साझा किए।

मंच का संदेश और उद्देश्य

सद्भावना मंच ने इस अवसर पर दो प्रमुख संदेश दिए:

  1. साहित्य और राष्ट्रीय चेतना का संवर्धन: माखन दादा की रचनाओं और उनके आदर्शों से युवा पीढ़ी को प्रेरित करना।
  2. लोकतंत्र और एकता की दिशा में कदम: उनके बताए मार्ग पर चलकर समाज में एकता, सामाजिक सौहार्द और लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत करना।

मंच के सदस्य संकल्पित हैं कि वे माखन दादा के आदर्शों और साहित्यिक योगदान को याद रखते हुए समाज में सकारात्मक बदलाव और सांस्कृतिक चेतना को बढ़ावा देंगे।

यह कार्यक्रम न केवल माखन दादा को श्रद्धांजलि देने का अवसर था, बल्कि समाज के लिए साहित्यिक चेतना और नैतिक मूल्यों की स्मृति को जागृत करने वाला आयोजन भी साबित हुआ। सद्भावना मंच ने इस कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश दिया कि माखन दादा का जीवन और विचार आज भी समाज के लिए प्रेरणास्रोत हैं।

एम.पी. ट्रांसको वार्षिक खेलकूद प्रतियोगिता 2026 में खिलाड़ियों ने दिखाया उत्कृष्ट प्रदर्शन

जबलपुर: मध्य प्रदेश पावर ट्रांसमिशन कंपनी (एम.पी. ट्रांसको) की वार्षिक खेलकूद प्रतियोगिता 2026 का तीसरा दिन खेल और रोमांच का साक्षी रहा। प्रतियोगिता में कर्मचारियों ने विभिन्न खेलों में अपनी श्रेष्ठता का प्रदर्शन किया और दर्शकों के लिए कई रोमांचक मुकाबले पेश किए।

महिला बैडमिंटन में सुरभि सचान बनीं चैंपियन

महिला बैडमिंटन एकल फाइनल मुकाबले में सुरभि सचान ने अपने रणनीति और सधे हुए खेल से माया पटेल को सीधे सेटों में 15–4, 15–7 से पराजित कर महिला वर्ग का खिताब अपने नाम किया। इस जीत ने सुरभि को एम.पी. ट्रांसको की खेलकूद प्रतियोगिता में प्रतिष्ठित स्थान दिलाया।

पुरुष टेबल टेनिस में तबरेज चौधरी ने जीता खिताब

पुरुष टेबल टेनिस एकल फाइनल प्रतियोगिता का प्रमुख आकर्षण रहा। इस मुकाबले में तबरेज चौधरी ने शानदार पावर-प्ले का प्रदर्शन करते हुए सुनील यादव को सीधे दो सेटों में हराकर पुरुष एकल चैंपियन बने। उनके तेज और सटीक खेल ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

कैरम प्रतियोगिता में भी रोमांच

  • पुरुष युगल: प्रणय जोशी और विकास श्रीवास्तव की जोड़ी ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए नरेंद्र पटेल एवं लोकेश श्रीवास्तव की जोड़ी को पराजित कर खिताब जीता।
  • महिला युगल: निक्की कोष्टा और इंद्र शिवा सिंह की जोड़ी ने विविधा डेहरिया और नीलम कुमरे को हराकर विजेता बनी। 

सीनियर बैडमिंटन में अग्रवाल बंधुओं का जलवा

50 वर्ष से अधिक आयु वर्ग की सीनियर बैडमिंटन डबल्स स्पर्धा में राजीव अग्रवाल और विवेक अग्रवाल की जोड़ी ने व्ही.के. परवार और ए.पी.एस. चौहान की जोड़ी को सीधे सेटों में पराजित कर सीनियर बैडमिंटन चैंपियन का खिताब अपने नाम किया।

कबड्डी में ई.एच.टी. जॉइंट्स की जीत

कबड्डी स्पर्धा के रोमांचक मुकाबले में ई.एच.टी. जॉइंट्स टीम ने टेस्टिंग टाइटंस को 43–31 के स्कोर से पराजित किया। यह मुकाबला दर्शकों के लिए सबसे रोमांचक साबित हुआ।

प्रतियोगिता का अंतिम दिन और समापन

प्रतियोगिता के संयोजक श्री इकबाल खान ने जानकारी दी कि अंतिम दिन टेबल टेनिस युगल फाइनल खेला जाएगा। इसमें हर्ष श्रीवास्तव एवं वी.के. परवार की जोड़ी का सामना इकबाल खान एवं तबरेज चौधरी की जोड़ी से होगा।

समापन समारोह: वार्षिक खेलकूद प्रतियोगिता का समापन समारोह कल शाम 4:00 बजे प्रबंध संचालक श्री सुनील तिवारी की उपस्थिति में आयोजित किया जाएगा।

एम.पी. ट्रांसको की इस वार्षिक खेलकूद प्रतियोगिता में कर्मचारियों ने न केवल खेल की श्रेष्ठता दिखाई, बल्कि टीम वर्क, प्रतिस्पर्धा और खेल भावना का भी उदाहरण पेश किया। प्रतियोगिता ने प्रतिभागियों और दर्शकों दोनों को मनोरंजन के साथ स्पोर्ट्स कल्चर को बढ़ावा देने का अवसर दिया।

एम.पी. ट्रांसको कर्मचारियों के लिए बैंक ऑफ महाराष्ट्र ने शुरू की ‘गवप्राइड सैलरी अकाउंट’ सुविधा

जबलपुर: मध्य प्रदेश पावर ट्रांसमिशन कंपनी (एम.पी. ट्रांसको) ने अपने कर्मचारियों के लिए वेतन खाते की नई विशेष सुविधा की घोषणा की। बैंक ऑफ महाराष्ट्र के साथ हुए एम.ओ.यू. के तहत अब एम.पी. ट्रांसको के खाता धारक कर्मचारियों को गवप्राइड सैलरी सेविंग अकाउंट स्कीम के अंतर्गत बहु-फायदे मिलेंगे।

मुख्य वित्तीय अधिकारी श्री मुकुल मेहरोत्रा ने बताया कि इस समझौते के तहत बैंक ऑफ महाराष्ट्र कर्मचारियों को निम्नलिखित सुविधाएं उपलब्ध कराएगा:

  • सामान्य मृत्यु बीमा कवर 10 लाख तक
  • हवाई दुर्घटना बीमा एवं दुर्घटना (मृत्यु) बीमा कवर
  • विकलांगता बीमा कवर
  • विभिन्‍न ऋण (लोन) पर प्रोसेसिंग फीस में छूट
  • चिकित्सा बीमा एवं सुपर टॉपअप हेल्थ बीमा
  • डिजिटल बैंकिंग उत्पादों से लैस बिना शुल्क गवप्राइड सैलरी अकाउंट
  • लॉकर किराए में छूट
  • बैंक ऑफ महाराष्ट्र के रू-पे कार्ड और डेबिट कार्ड की विशेष सुविधाएं

एम.ओ.यू. पर हस्ताक्षर समारोह में एम.पी. ट्रांसको के संयुक्त निदेशक श्री राजेश भायरे, उप निदेशक श्री नीरज कुमार त्रिपाठी, लेखाधिकारी श्री राजकुमार पटेल और बैंक ऑफ महाराष्ट्र के वरिष्ठ प्रबंधक एवं आयोजन अधिकारी श्री अमित यादव, शाखा प्रबंधक श्री देवव्रत राय, श्री विकेश खरे, श्री अंकित नागर और सुश्री ओली गोस्वामी उपस्थित रहे।

श्री मुकुल मेहरोत्रा ने बताया कि यह नई सुविधा कर्मचारियों के लिए वित्तीय सुरक्षा और बैंकिंग सेवाओं में सहजता सुनिश्चित करेगी। इसके साथ ही कर्मचारियों को डिजिटल बैंकिंग और बीमा लाभों का व्यापक लाभ मिलेगा।

एम.पी. ट्रांसको और बैंक ऑफ महाराष्ट्र के इस संयुक्त प्रयास से कर्मचारियों को उनकी वेतन राशि से जुड़े सभी वित्तीय और सुरक्षा लाभ सहज रूप से उपलब्ध होंगे।

खंडवा में प्रभारी मंत्री श्री धर्मेंद्र सिंह लोधी ने संपूर्णता अभियान 2.0 का शुभारंभ

खंडवा: प्रदेश के पर्यटन, संस्कृति, धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व विभाग के मंत्री एवं खंडवा जिले के प्रभारी मंत्री श्री धर्मेंद्र सिंह लोधी ने शनिवार को सर्किट हाउस परिसर में संपूर्णता अभियान 2.0 का भव्य शुभारंभ किया। इस अवसर पर सांसद श्री ज्ञानेश्वर पाटिल, मांधाता विधायक श्री नारायण पटेल, पंधाना विधायक श्रीमती छाया मोरे, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती पिंकी सुदेश वानखेडे, कलेक्टर श्री ऋषव गुप्ता, पुलिस उपमहानिरीक्षक श्री मनोज कुमार राय और जिला भाजपा अध्यक्ष श्री राजपाल सिंह तोमर सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी मौजूद रहे।

संपूर्णता अभियान 2.0 भारत सरकार के नीति आयोग, नई दिल्ली के निर्देशानुसार 28 जनवरी से 14 अप्रैल 2026 तक आकांक्षी जिलों और विकासखंडों में चलाया जा रहा है। इसका मुख्य उद्देश्य देश के आकांक्षी जिलों में 5 और विकासखंडों में 6 प्रमुख प्रदर्शन संकेतकों में पूर्ण सैचुरेशन सुनिश्चित करना है।

जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी डॉ. नागार्जुन गौड़ा ने बताया कि तीन महीने के इस अभियान के तहत खंडवा जिले और ब्लॉक छैगांवमाखन में स्वास्थ्य, पोषण और आधारभूत सुविधाओं के क्षेत्र में महत्वपूर्ण संकेतकों को पूरी तरह संतृप्त किया जाएगा।

अभियान के मुख्य कार्यों में शामिल हैं:

  • आईसीडीएस कार्यक्रम के अंतर्गत बच्चों का पोषण: 6 वर्ष तक के बच्चों के लिए नियमित पूरक पोषण सुनिश्चित करना।
  • आंगनबाड़ी केंद्रों में सुधार: छेगांवमाखन विकासखंड में पेयजल और शौचालय की व्यवस्था।
  • बालिकाओं के लिए स्कूल शौचालय: लड़कियों की शिक्षा और स्वास्थ्य को बढ़ावा देना।
  • पशुओं का टीकाकरण: पशुपालन और कृषि क्षेत्र में स्वास्थ्य सुरक्षा।

मंत्री श्री लोधी ने कहा कि यह अभियान सामाजिक और विकासात्मक लक्ष्यों की पूर्णता सुनिश्चित करने के लिए महत्वपूर्ण कदम है। इसके माध्यम से खंडवा जिले में स्वास्थ्य, पोषण और बुनियादी सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी, जिससे बच्चों और महिलाओं के जीवन स्तर में सुधार आएगा।

जिला प्रशासन और स्थानीय अधिकारी नियमित निगरानी और समीक्षा के माध्यम से अभियान की प्रभावशीलता सुनिश्चित करेंगे। इस पहल से खंडवा जिले में सामाजिक विकास और सतत सुधार की दिशा में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।

अपराध नियंत्रण एवं प्रभावी पुलिसिंग पर जोर: पुलिस अधीक्षक खंडवा ने वर्ष 2026 की पहली अपराध समीक्षा बैठक में दिए महत्वपूर्ण निर्देश

खंडवा- उप पुलिस महानिरीक्षक खंडवा एवं पुलिस अधीक्षक खंडवा श्री मनोज कुमार राय की अध्यक्षता में शुक्रवार को पुलिस कंट्रोल रूम, खंडवा में वर्ष 2026 की पहली जिला स्तरीय अपराध समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक का उद्देश्य जिले में लंबित अपराधों की समीक्षा, अपराध नियंत्रण की रणनीति तय करना तथा पुलिस कार्यप्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाना रहा।

इस समीक्षा बैठक में जिले के समस्त राजपत्रित अधिकारी, थाना प्रभारी एवं चौकी प्रभारी उपस्थित रहे। बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) श्री राजेश रघुवंशी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) श्री महेंद्र तारणेकर, प्रशिक्षु आईपीएस श्री अमित कुमार, नगर पुलिस अधीक्षक अभिनव बारंगे, उप पुलिस अधीक्षक मुख्यालय श्री अनिल सिंह चौहान, एसडीओपी मूँदी श्री मनोहर गवली, एसडीओपी हरसूद श्री लोकेश सिंह ठाकुर तथा उप पुलिस अधीक्षक यातायात श्री अनिल कुमार राय सहित जिले के सभी थाना एवं चौकी प्रभारी शामिल हुए।

लंबित अपराधों के समयबद्ध निराकरण के निर्देश

पुलिस अधीक्षक श्री मनोज कुमार राय ने बैठक के दौरान जिले में दर्ज लंबित अपराध, चालान एवं मर्ग प्रकरणों की विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने सभी थाना प्रभारियों को निर्देशित किया कि वर्षांत से पूर्व लंबित मामलों का शीघ्र एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित किया जाए। इसके साथ ही थानों के मालखानों में रखे जप्ती माल एवं वाहनों के समयसीमा में निराकरण पर भी विशेष जोर दिया गया।

पुलिस अधीक्षक ने समंस की शत-प्रतिशत तामिली तथा गिरफ्तारी वारंट की 90 प्रतिशत से अधिक तामिली सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने संपत्ति संबंधी अपराधों में तकनीकी एवं पारंपरिक पतारसी को बढ़ावा देकर माल मशरुका की अधिकतम बरामदगी के लिए प्रभावी कार्रवाई करने को कहा।

न्यायालयीन प्रकरणों और खात्मा-खारजी पर फोकस

बैठक में जप्तशुदा वाहनों, जप्ती माल एवं लंबित खात्मा-खारजी प्रकरणों के शीघ्र न्यायालयीन निराकरण पर भी चर्चा की गई। पुलिस अधीक्षक ने निर्देश दिए कि संबंधित प्रकरणों में न्यायालय के साथ समन्वय बनाकर समयसीमा में कार्यवाही पूर्ण की जाए, जिससे अनावश्यक लंबितता समाप्त हो सके।

संवेदनशील क्षेत्रों में पैदल भ्रमण और प्रतिबंधात्मक कार्रवाई

पुलिस अधीक्षक खंडवा ने सभी थाना प्रभारियों को अपने-अपने थाना क्षेत्रों में संवेदनशील एवं भीड़भाड़ वाले स्थानों पर नियमित सायंकालीन पैदल भ्रमण करने तथा गुंडे, बदमाश एवं आपराधिक प्रवृत्ति के व्यक्तियों के विरुद्ध प्रतिबंधात्मक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

इसके अतिरिक्त सीएम हेल्पलाइन, जनसुनवाई एवं लंबित शिकायतों के त्वरित, निष्पक्ष और गुणवत्तापूर्ण निराकरण पर भी विशेष ध्यान देने को कहा गया।

उत्कृष्ट कार्य करने वाले पुलिसकर्मियों का सम्मान

समीक्षा बैठक के उपरांत पुलिस कंट्रोल रूम, खंडवा में विगत माह थाना एवं कार्यालयीन स्तर पर उत्कृष्ट कार्य करने वाले 38 पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारियों को पुलिस अधीक्षक श्री मनोज कुमार राय द्वारा पदक एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।

सम्मानित अधिकारियों में थाना प्रभारी मोघट रोड निरीक्षक धीरेश धारवाल को उत्कृष्ट थाना प्रबंधन, थाना प्रभारी पिपलोद निरीक्षक सुरेन्द्रनाथ पाण्डेय को गंभीर अपराधों में त्वरित कार्रवाई एवं निराकरण, थाना प्रभारी हरसूद निरीक्षक राजकुमार राठौर को अज्ञात हत्या प्रकरण के सफल निराकरण तथा थाना प्रभारी खालवा निरीक्षक जगदीश सिंदिया को लूट प्रकरण में अज्ञात आरोपियों की धरपकड़ एवं गिरफ्तारी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने हेतु सम्मानित किया गया।

इसके अतिरिक्त अन्य अधिकारी एवं कर्मचारियों को भी उनके सराहनीय एवं अनुकरणीय कार्यों के लिए सम्मान प्रदान किया गया।

बेहतर पुलिसिंग के लिए प्रेरणा

पुलिस अधीक्षक श्री मनोज कुमार राय ने सभी सम्मानित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को बधाई देते हुए कहा कि इस प्रकार के सम्मान पुलिस बल के मनोबल को बढ़ाते हैं तथा जिले में बेहतर, संवेदनशील और प्रभावी पुलिसिंग को प्रोत्साहित करते हैं। उन्होंने सभी अधिकारियों को जनता के प्रति जवाबदेह रहते हुए कानून-व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने के लिए सतत प्रयास करने का आह्वान किया।

समाज को जोड़ने की अनूठी मिसाल: दीवाने झूलेलाल साईं मित्र मंडल ने मनाया 51 सजातीय बंधुओं का सामूहिक जन्मदिन

खंडवा- आज के दौर में जब सामाजिक ताना-बाना कमजोर पड़ता नजर आ रहा है, ऐसे समय में दीवाने झूलेलाल साईं मित्र मंडल द्वारा समाज को जोड़ने, आपसी सौहार्द बढ़ाने और सामूहिकता की भावना को मजबूत करने का एक प्रेरणादायी प्रयास किया गया। संगठन द्वारा 51 युवा एवं वरिष्ठ सजातीय बंधुओं का सामूहिक जन्मदिन समारोह श्रद्धा, उल्लास और भाईचारे के वातावरण में श्री झूलेलाल मंदिर, सिंधी कॉलोनी, खंडवा में आयोजित किया गया।

यह आयोजन केवल जन्मदिन मनाने तक सीमित नहीं रहा, बल्कि समाज में एकता, सेवा और निस्वार्थ भाव से जुड़ाव का सशक्त संदेश भी देता नजर आया।

1200 से अधिक जन्मदिन—एक निरंतर सामाजिक अभियान

कार्यक्रम के संयोजक समाजसेवी विक्रम सहजवानी एवं जैकी रेवतानी ने बताया कि दीवाने झूलेलाल साईं मित्र मंडल एक गैर-राजनीतिक और पूर्णतः निस्वार्थ समाजसेवी संगठन है, जो विगत कई वर्षों से समाज के बंधुओं के जन्मदिन सामूहिक रूप से मना रहा है। उन्होंने बताया कि अब तक संगठन द्वारा 1200 से अधिक समाजजनों के जन्मदिन मनाए जा चुके हैं।

उनका कहना था कि इस पहल का उद्देश्य केवल उत्सव नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति को यह एहसास कराना है कि वह अकेला नहीं है, पूरा समाज उसके साथ खड़ा है।

संत-महात्माओं और वरिष्ठजनों का सम्मान

इस अवसर पर समाज के संत-महात्माओं एवं वरिष्ठजनों का सम्मान समारोह भी आयोजित किया गया, जिसने कार्यक्रम को और अधिक गरिमा प्रदान की। संतों के सान्निध्य में हुआ यह आयोजन आध्यात्मिक ऊर्जा और सामाजिक चेतना का सुंदर संगम बन गया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पूज्य सिंधी पंचायत के अंतरिम अध्यक्ष मेठाराम पिंजानी ने कहा कि इस प्रकार के आयोजन समाज में आपसी मेल-मिलाप को बढ़ावा देते हैं और नई पीढ़ी को अपनी सामाजिक जड़ों से जोड़ने का कार्य करते हैं।

वहीं श्री झूलेलाल नवयुवक मंडल के अध्यक्ष मोहन दीवान ने कहा कि सामूहिक आयोजनों से समाज में संगठनात्मक शक्ति बढ़ती है और आपसी मतभेद स्वतः ही दूर होते हैं।

एकत्रीकरण का विनम्र प्रयास

कार्यक्रम का संचालन करते हुए समाजसेवी कमल नागपाल ने कहा कि यह आयोजन समाज के एकत्रीकरण का एक विनम्र, लेकिन प्रभावशाली प्रयास है। उन्होंने कहा कि जब समाज के लोग एक साथ बैठते हैं, संवाद करते हैं और खुशियां साझा करते हैं, तभी समाज सशक्त बनता है।

51 समाजजनों का सम्मान

समारोह के दौरान समाज के महाराज स्वामी पंडित श्याम शर्मा, पंडित प्रदीप भारद्वाज, पंडित धर्मेंद्र शर्मा, पंडित पलाश भारद्वाज एवं पंडित प्रथम भारद्वाज की उपस्थिति में जन्मदिन मना रहे 51 समाजजनों का पुष्पमालाओं एवं सम्मान स्वरूप भेंट देकर अभिनंदन किया गया।

जन्मदिन मनाने आए समाजजनों के चेहरे पर सामूहिकता और अपनत्व की खुशी स्पष्ट झलक रही थी।

व्यापक सहभागिता, मजबूत संदेश

कार्यक्रम में मेठाराम पिंजानी, मोहन दीवान, जयकिशन तीर्थानी, गोपालदास पमनानी, डॉ. जी.एल. हिंदुजा, नारायणदास चावला, श्याम हेमवानी, किशोर लालवानी, राजेश परचानी, संजय सभनानी, अनिल सबनानी, ताराचंद पिंजानी, राम वासवानी, शत्रुघ्न वासवानी, मनोज गेलानी, मनोहरलाल संतवानी, रमेश थदानी, प्रकाश चंचलानी, मनोज उधलानी, किशोर हिंदुजा, कुंदनदास चेतवानी, जयरामदास खेमानी, नीरज फतवानी, साहिल मंगवानी, प्रवेश माहेश्वरी, दीपक कपूर, विजय मंगवानी, किशोर चंदवानी, अनिल सहजवानी, हरीश रिजवानी, अजय विधानी, राजू वाधवा, मुरली कोडवानी, मुरली दौड़ानी, जयराम रेवतानी, हरीश आसवानी, निक साहनी, प्रदीप कोटवानी, कैलाश चंचलानी, मूलचंद फतवानी, राजकुमार फतवानी, राम छूट्टानी, नंदू भैया झुमरानी, नानक बजाज, मनीष मलानी, अमित वेढ़ानी, जयराम उधलानी एवं दयाराम नेभनानी सहित बड़ी संख्या में समाजजन उपस्थित रहे।

समापन और आभार

कार्यक्रम के अंत में नीरज फतवानी ने सभी अतिथियों, आयोजकों एवं सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया। आयोजन ने यह स्पष्ट कर दिया कि यदि उद्देश्य निस्वार्थ हो, तो छोटे-छोटे प्रयास भी समाज में बड़ा परिवर्तन ला सकते हैं।

हरिपुरा (चारूवा) में 15 फरवरी से 8 मार्च तक आयोजित होगा श्री गुप्तेश्वर मेला, 17 फरवरी को निकलेगी भगवान श्री गुप्तेश्वर की भव्य पालकी

हरिपुरा(चारूवा)- हरिपुरा (चारूवा) स्थित प्राचीन एवं श्रद्धा के प्रमुख केंद्र श्री गुप्तेश्वर मंदिर में प्रतिवर्ष आयोजित होने वाला श्री गुप्तेश्वर मेला इस वर्ष दिनांक 15 फरवरी 2026 (रविवार) से प्रारंभ होकर 8 मार्च 2026 (रविवार) तक श्रद्धा, आस्था एवं उल्लास के साथ आयोजित किया जाएगा। मेला महाशिवरात्रि पर्व से आरंभ होकर रंग पंचमी तक चलेगा।

मेला समिति द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, इस दौरान मंदिर परिसर एवं मेला क्षेत्र में धार्मिक, सांस्कृतिक एवं पारंपरिक गतिविधियाँ आयोजित की जाएंगी। क्षेत्र सहित आसपास के जिलों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु भगवान श्री गुप्तेश्वर के दर्शन हेतु पहुंचेंगे।

17 फरवरी को निकलेगी भगवान श्री गुप्तेश्वर की पालकी (झांकी)

मेला आयोजन का प्रमुख आकर्षण दिनांक 17 फरवरी 2026 (मंगलवार) को फाल्गुन वदी अमावस्या के पावन अवसर पर निकलने वाली भगवान श्री गुप्तेश्वर की पालकी (झांकी) होगी। पालकी यात्रा के दौरान संपूर्ण क्षेत्र भक्ति एवं उत्सवमय वातावरण से सराबोर रहेगा। मेला समिति ने श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर पालकी दर्शन का पुण्य लाभ लेने की अपील की है।

व्यापारियों एवं दुकानदारों के लिए दिशा-निर्देश

मेला समिति द्वारा व्यवस्था सुचारु बनाए रखने हेतु व्यापारियों के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं—

  • दिनांक 5 फरवरी से 13 फरवरी 2026 तक दुकान लगाने हेतु स्थान का वितरण किया जाएगा।
  • स्थान आवंटन के पश्चात किराया जमा कर रसीद प्राप्त करना अनिवार्य होगा।
  • मेला समिति से NOC प्राप्त कर ही दुकान लगाना मान्य होगा।
  • दुकानों की निर्धारित लाइन व्यवस्था का पालन करना होगा।
  • मेला क्षेत्र में अनुशासनहीनता या नियम उल्लंघन पर समिति द्वारा उचित कार्रवाई की जाएगी।
  • दुकान केवल मेला समिति द्वारा निर्धारित स्थान पर ही लगाई जा सकेगी।
  • 9 मार्च 2026 (सोमवार) को मेला ग्राउंड को पूर्ण रूप से खाली करना अनिवार्य रहेगा।

समिति ने स्पष्ट किया है कि मेला संबंधी सभी मामलों में समिति का निर्णय अंतिम एवं सर्वमान्य होगा।

मेला समिति एवं आयोजन

श्री गुप्तेश्वर मेले का आयोजन नवीन संयुक्त कार्यवाहक समिति श्री गुप्तेश्वर मंदिर (हरिपुरा–चारूवा) द्वारा किया जा रहा है। समिति के ट्रस्टी शिवदत्त शास्त्री हैं। आयोजन को सफल एवं सुव्यवस्थित बनाने के लिए समिति के पदाधिकारी एवं सदस्य सक्रिय रूप से तैयारियों में जुटे हुए हैं।

मेला समिति ने समस्त श्रद्धालुओं, नागरिकों एवं व्यापारियों से सहयोग की अपील करते हुए आयोजन को शांतिपूर्ण एवं सफल बनाने का आग्रह किया है।

केंद्र–राज्य समन्वय से सशक्त होगी मध्य प्रदेश की स्वास्थ्य प्रणाली : श्री प्रतापराव जाधव

भोपाल- आयुष मंत्रालय के केंद्रीय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) एवं स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री श्री प्रतापराव जाधव ने मध्य प्रदेश सरकार के स्वास्थ्य राज्य मंत्री श्री नरेन्द्र शिवाजी पटेल से शिष्टाचार भेंट की। यह भेंट राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक प्रभावी, आधुनिक तथा जन-केंद्रित बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है।
बैठक के दौरान दोनों मंत्रियों ने मध्य प्रदेश की स्वास्थ्य सेवा वितरण प्रणाली को सुदृढ़ करने, सेवाओं की पहुँच अंतिम व्यक्ति तक सुनिश्चित करने तथा स्वास्थ्य अवसंरचना को आधुनिक आवश्यकताओं के अनुरूप विकसित करने पर विस्तृत चर्चा की। इस अवसर पर स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक सुलभ, किफायती और गुणवत्तापूर्ण बनाने पर विशेष जोर दिया गया।
केंद्रीय मंत्री श्री जाधव ने पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों—विशेष रूप से आयुष—और आधुनिक चिकित्सा प्रणालियों के समन्वय को जनस्वास्थ्य के लिए अत्यंत आवश्यक बताया। उन्होंने कहा कि दोनों प्रणालियों का एकीकृत उपयोग न केवल रोग निवारण में सहायक होगा, बल्कि जनसामान्य को समग्र स्वास्थ्य लाभ भी प्रदान करेगा।
श्री जाधव ने जनहित में स्वास्थ्य व्यवस्था को सुदृढ़ करने तथा नवाचार आधारित सुधारों को अपनाने को लेकर राज्य मंत्री श्री नरेन्द्र शिवाजी पटेल के दृष्टिकोण की सराहना की। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य के क्षेत्र में संवेदनशीलता, प्रतिबद्धता और समर्पण से ही आमजन का विश्वास सुदृढ़ किया जा सकता है।
मध्य प्रदेश के स्वास्थ्य राज्य मंत्री श्री पटेल ने भी केंद्र सरकार द्वारा स्वास्थ्य एवं आयुष क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों की सराहना की और राज्य सरकार की ओर से पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य के समन्वित प्रयासों से प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में निरंतर सुधार किया जाएगा।
बैठक के दौरान इस बात पर सहमति बनी कि केंद्र और राज्य सरकारें मिलकर स्वास्थ्य क्षेत्र में नवाचार, संसाधनों के बेहतर उपयोग तथा जन-केंद्रित योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के माध्यम से प्रत्येक नागरिक के लिए बेहतर स्वास्थ्य परिणाम सुनिश्चित करेंगी।

महिला सशक्तिकरण की मजबूत आवाज़, संजना खत्री को फिर मिला राष्ट्रीय दायित्व

खंडवा- राष्ट्रीय सामाजिक संस्था जिए सिंध सेवा संगम की राष्ट्रीय कोर टीम ने संगठन की मजबूती और महिला सशक्तिकरण को और सुदृढ़ करते हुए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है, संस्था की फाउंडर एवं महिला शाखा की राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीमती संजना खत्री जी को उनके उत्कृष्ट, समर्पित एवं प्रभावशाली कार्यों को देखते हुए एक बार पुनः महिला शाखा का राष्ट्रीय अध्यक्ष नियुक्त किया गया है यह घोषणा फाउंडर मनोहर सुगानी द्वारा की गई है वर्ष 2025 के दौरान संजना खत्री जी ने संगठन के विस्तार, महिला सहभागिता, सामाजिक सेवा, संस्कार और संगठनात्मक एकता को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया उनके नेतृत्व में महिला शाखा ने देशभर में सामाजिक जागरूकता, सेवा कार्यों और संगठनात्मक मजबूती के अनेक सराहनीय कार्य किए।
इन्हीं उल्लेखनीय उपलब्धियों और उनके कुशल नेतृत्व पर विश्वास जताते हुए, जिए सिंध सेवा संगम की राष्ट्रीय कोर टीम ने सर्वसम्मति से उन्हें आगामी एक वर्ष के लिए पुनः यह महत्वपूर्ण दायित्व सौंपा है।
राष्ट्रीय सलाहकार सोनिया खत्री, राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अंबिका गिरगलानी, प्रदेश अध्यक्ष अनुष्का वाधवानी, तनुजा  मनसुखानी, दीपा मंगलानी, रितु रूप रंग काजल गवालानी एवम समस्त टीम ने हर्ष व्यक्त करते हुए बधाई एवं शुभकामनाएं प्रेषित की।

शुक्रवार, 30 जनवरी 2026

उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने रीवा में निर्माणाधीन शासकीय आवासों का किया निरीक्षण

भोपाल-  उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने रीवा की चिरहुला कॉलोनी में मध्यप्रदेश हाउसिंग बोर्ड द्वारा निर्माणाधीन शासकीय आवासों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने निर्माण कार्यों की प्रगति एवं गुणवत्ता का जायजा लिया और निर्माण एजेंसी को निर्देश दिये कि समस्त कार्य निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण गुणवत्ता के साथ किया जाए।

उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि शासकीय आवासों के निर्माण से अधिकारियों एवं कर्मचारियों को आवास संबंधी स्थायी सुविधा उपलब्ध होगी, जिससे उनकी कार्यक्षमता में भी वृद्धि होगी। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या गुणवत्ता से समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।

निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को अवगत कराया गया कि लगभग 40 करोड़ रुपये की लागत से कुल 165 शासकीय आवासों का निर्माण किया जा रहा है। इनमें एक डी-टाइप डुप्लेक्स, चार ई-टाइप डुप्लेक्स, 16 एफ-टाइप पी प्लस 4 आवास तथा 48-48 जी, एच एवं आई-टाइप पी प्लस 6 आवास शामिल हैं। यह आवास आधुनिक सुविधाओं से युक्त होंगे और नियमानुसार सभी आवश्यक मापदंडों का पालन किया जा रहा है।

उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने निर्माण एजेंसी को निर्देशित किया कि कार्य की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जाए, ताकि तय समय में आवासों का निर्माण पूर्ण हो सके और शीघ्र ही अधिकारियों एवं कर्मचारियों को आवास आवंटित किये जा सकें।

निरीक्षण के दौरान संबंधित विभागीय अधिकारी एवं हाउसिंग बोर्ड के अधिकारी उपस्थित रहे। उप मुख्यमंत्री ने निर्माण कार्य की प्रगति पर संतोष व्यक्त करते हुए कार्य को और अधिक गति देने के निर्देश दिए।

नॉलेज पब्लिक स्कूल में धूमधाम से संपन्न हुआ “Tech कुंभ 2.0”, रोबोटिक और विज्ञान मॉडल बने आकर्षण का केंद्र

हरदा- नॉलेज पब्लिक स्कूल में रोबोटिक, विज्ञान एवं कला के भव्य प्रदर्शन “Tech कुंभ 2.0” का आयोजन बड़े ही उत्साह और उत्सव के साथ किया गया। इस विशेष आयोजन में विद्यार्थियों की रचनात्मकता, नवाचार और तकनीकी दक्षता देखने को मिली।

कार्यक्रम में विशेष अतिथि के रूप में हरदा जिला कलेक्टर श्री सिद्धार्थ जैन उपस्थित रहे। उनके साथ विशेष अतिथि के रूप में श्रीमती सलोनी जैन, आर्यभट्ट संस्थान भोपाल के प्रमुख श्री संजय गुप्ता तथा यांगोवेटर इंदौर की प्रमुख श्रीमती खुशबू ठक्कर ने भी कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई।

प्रदर्शनी में विद्यार्थियों द्वारा रोबोटिक, विज्ञान एवं कला से जुड़े अनेक आकर्षक और उपयोगी मॉडल प्रस्तुत किए गए। इनमें हार्वेस्टिंग रोबोट, 3डी प्रिंटर, ऑटोमेटिक क्लासरूम, ह्यूमनॉइड रोबोट, स्मार्ट एग्रीकल्चर सिस्टम जैसे आधुनिक मॉडल विशेष रूप से आकर्षण का केंद्र रहे। इन मॉडलों के माध्यम से विद्यार्थियों ने तकनीक के व्यावहारिक उपयोग को प्रभावी ढंग से प्रदर्शित किया।

इस विज्ञान प्रदर्शनी के दौरान छात्रों को सौर दूरदर्शी के माध्यम से सूर्य दर्शन भी कराया गया, जिसे विद्यार्थियों एवं अभिभावकों ने अत्यंत रोचक एवं ज्ञानवर्धक अनुभव बताया। बड़ी संख्या में उपस्थित अभिभावकों ने प्रदर्शनी का अवलोकन करते हुए छात्रों की मेहनत, नवाचार और शिक्षकों के मार्गदर्शन की प्रशंसा की।

Tech कुंभ 2.0 के अवसर पर यांगोवेटर रोबोटिक्स लैब की परीक्षा में उत्तीर्ण विद्यार्थियों तथा आईआईटी मुंबई भ्रमण पर गए रोबोटिक छात्रों को सम्मानित एवं पुरस्कृत भी किया गया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला कलेक्टर श्री सिद्धार्थ जैन ने विज्ञान मेले की भूरी-भूरी प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि भविष्य में विद्यार्थियों को मार्केटिंग और तकनीकी आवश्यकताओं के अनुरूप स्वयं को तैयार करना चाहिए। साथ ही उन्होंने मिशन कोड शक्ति कार्यक्रम से अधिक से अधिक विद्यार्थियों को जुड़ने का आह्वान किया, जिसके अंतर्गत बच्चों को निःशुल्क एडवांस कोडिंग का प्रशिक्षण प्रदान किया जाता है।

विद्यालय में आयोजित Tech कुंभ 2.0 में शाला परिवार, शिक्षकगण एवं अभिभावक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। सभी ने रोबोटिक, विज्ञान एवं कला प्रदर्शनी की सराहना करते हुए इसे विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास की दिशा में एक सराहनीय पहल बताया।

युवा नवाचार और अनुसंधान के माध्यम से प्रदेश को सतत विकास की ओर ले जाएँ—उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल | प्रबंधन और वाणिज्य में नवीन अनुसंधान एवं सतत विकास विषय पर अंतर्राष्ट्रीय कांफ्रेंस का शुभारंभ

भोपाल- प्रबंधन और वाणिज्य में नवीन अनुसंधान एवं सतत विकास विषय पर आयोजित अंतर्राष्ट्रीय कांफ्रेंस का शुभारंभ करते हुए उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि अनुसंधान आधारित विकास दीर्घकालिक एवं लाभप्रद होता है। हमें अपनी सनातन संस्कृति और भारतीय मूल्यों से जुड़े रहकर विकास की दिशा में आगे बढ़ना होगा। आर्थिक तरक्की के लिये भारतीय मूल्यों को दांव पर नहीं लगाना चाहिए।

अवधेश प्रताप सिंह विश्वविद्यालय, रीवा के एमबीए विभाग द्वारा पं. शम्भूनाथ शुक्ल सभागार में आयोजित इस कांफ्रेंस में उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने युवाओं से आह्वान किया कि वे नवाचार करें, अनुसंधान को अपनाएँ और प्रदेश व देश को सतत विकास की ओर ले जाने के लिये सक्रिय भूमिका निभाएँ। उन्होंने कहा कि यदि हम अपनी भारतीय ज्ञान परंपरा से भटकेंगे तो इसके गंभीर परिणाम सामने आएंगे।

उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने प्राकृतिक खेती का उदाहरण देते हुए कहा कि यह भी अनुसंधान से निकला ज्ञान है, जिसके माध्यम से हम स्वयं, अपने परिवार और धरती को स्वस्थ रख सकते हैं। उन्होंने कहा कि मंथन से निकला ज्ञान न केवल छात्रों बल्कि पूरे समाज के लिये लाभकारी सिद्ध होता है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि भारत 2047 तक विश्वगुरु बनेगा और आने वाले समय में विश्व की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था के रूप में स्थापित होगा। विद्यार्थियों को शुभकामनाएँ देते हुए उन्होंने कहा कि युवा नौकरी मांगने वाले नहीं, बल्कि नौकरी देने वाले बनें।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रभारी कुलगुरु प्रो. सुनील तिवारी ने कहा कि सतत विकास ही सनातन की मूल परिकल्पना है। वर्तमान समय में हो रहे वर्ग संघर्ष के दौर में मानवता को संरक्षित रखना आवश्यक है। भारतीय संस्कृति ही विश्व में शांति स्थापित करने की क्षमता रखती है। उन्होंने टिकाऊ एवं सतत विकास की आवश्यकता पर विशेष बल दिया।

प्रो. पद्मेश कुमार ने कहा कि नवीन शिक्षा नीति में भारतीय ज्ञान परंपरा को शामिल किया गया है। प्रबंधन और वाणिज्य केवल मुनाफे तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि प्रभाव आधारित अनुसंधान समाज के लिये अधिक उपयोगी होता है। उन्होंने कहा कि नवाचार के बिना विकास अधूरा है।

 

अमेरिका से आईं डॉ. प्रतिभा सिंह ने अपने उद्बोधन में कहा कि आधुनिक विकास के लिये नवीन शोध और स्थायी विकास अत्यंत आवश्यक है। वहीं अडानी ग्रुप की एनेट एफ. विश्वास ने कहा कि प्रबंधन और वाणिज्य एक-दूसरे को लाभ पहुँचाते हैं। विकास ऐसा होना चाहिए जो आने वाली पीढ़ी के लिये वरदान बने। जिम्मेदार संस्थान राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

एमबीए विभागाध्यक्ष डॉ. अतुल पाण्डेय ने जानकारी देते हुए बताया कि इस अंतर्राष्ट्रीय कांफ्रेंस में 110 शोधार्थी प्रत्यक्ष रूप से उपस्थित हैं तथा 85 शोधार्थी ऑनलाइन माध्यम से जुड़ेंगे। कांफ्रेंस के दौरान 100 से अधिक शोध पत्रों का प्रस्तुतीकरण किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इसमें 6 देशों के प्रतिनिधि भी सहभागिता कर रहे हैं।

कार्यक्रम में कुल सचिव श्री सुरेन्द्र सिंह परिहार सहित देश-विदेश के विषय विशेषज्ञ, प्राध्यापक एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे। अंतर्राष्ट्रीय कांफ्रेंस ने प्रबंधन, वाणिज्य एवं सतत विकास के क्षेत्र में नवीन विचारों और अनुसंधान को नई दिशा प्रदान की।

अनुभूति कार्यक्रम के तहत छात्र-छात्राओं ने किया वन भ्रमण, प्रकृति संरक्षण का लिया संदेश

नर्मदापुरम- वन विभाग द्वारा विद्यार्थियों में प्रकृति, पर्यावरण एवं वन संरक्षण के प्रति जागरूकता विकसित करने के उद्देश्य से संचालित अनुभूति कार्यक्रम के अंतर्गत कार्यक्रम का 14वां चरण वनमंडल नर्मदापुरम के इटारसी परिक्षेत्र में तिलक सेंदुर क्षेत्र में आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में विद्यालयीन विद्यार्थियों को प्रत्यक्ष रूप से वनों से जोड़कर प्राकृतिक संसाधनों के महत्व से अवगत कराया गया।

कार्यक्रम में पी.एम. श्री शासकीय एकीकृत उच्च माध्यमिक विद्यालय, जमानी की 60 छात्राएं एवं 36 छात्र सहित कुल 96 विद्यार्थी तथा शासकीय बालक माध्यमिक विद्यालय, जमानी के 26 छात्र सम्मिलित हुए। इस प्रकार कुल 122 विद्यार्थियों ने कार्यक्रम में सहभागिता की। विद्यार्थियों के साथ 4 शिक्षक एवं 2 शिक्षिकाएं, कुल 6 शिक्षकीय स्टाफ भी उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के दौरान अनुभूति मास्टर ट्रेनर श्री रामकिशोर चौरे (सेवानिवृत्त अपर वन मंडल अधिकारी) एवं श्री अभिषेक शर्मा, वन परिक्षेत्र अधिकारी, इटारसी द्वारा अनुभूति कार्यक्रम की अवधारणा, उद्देश्य एवं इसकी उपयोगिता पर विस्तार से प्रकाश डाला गया। उन्होंने बताया कि यह कार्यक्रम विद्यार्थियों को पुस्तकीय ज्ञान से आगे बढ़कर प्रकृति का प्रत्यक्ष अनुभव प्रदान करता है, जिससे पर्यावरण के प्रति संवेदनशीलता एवं जिम्मेदारी विकसित होती है।

विद्यार्थियों को नाश्ता करवाने के उपरांत प्रकृति पथ पर भ्रमण कराया गया। इस दौरान पेड़-पौधों, विभिन्न प्रकार की घासों एवं औषधीय पौधों की पहचान करवाई गई तथा उनके औषधीय, आर्थिक एवं पर्यावरणीय उपयोगों की जानकारी दी गई। साथ ही वृक्षों एवं वनों के महत्व, उनके द्वारा प्रदान की जाने वाली जीवनदायी सेवाओं, जैव विविधता एवं पारिस्थितिकी तंत्र की भूमिका को सरल शब्दों में समझाया गया।

वन भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों को पर्यावरण संतुलन, खाद्य श्रृंखला, तेंदूपत्ता संग्रहण की प्रक्रिया एवं उसके आजीविका से जुड़े महत्व, भू-जल संरक्षण तथा जल संवर्धन के उपायों की जानकारी भी दी गई। इसके अतिरिक्त वनों को अग्निकांड, अत्यधिक चराई एवं अवैध कटाई से होने वाले दुष्परिणामों के बारे में भी अवगत कराया गया, जिससे विद्यार्थियों में वनों की सुरक्षा के प्रति चेतना जागृत हो सके।

कार्यक्रम में श्री विनोद वारीबा, अध्यक्ष, वन सुरक्षा समिति खटामा, समिति के तीन सदस्य एवं वन विभाग के कर्मचारीगण भी उपस्थित रहे। उन्होंने सामुदायिक सहभागिता के माध्यम से वन संरक्षण के प्रयासों की जानकारी साझा की और विद्यार्थियों को प्रकृति के प्रति जिम्मेदार नागरिक बनने का संदेश दिया।

अनुभूति कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित यह वन भ्रमण विद्यार्थियों के लिए अत्यंत ज्ञानवर्धक एवं प्रेरणादायक रहा। कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों ने न केवल प्रकृति को नजदीक से जाना, बल्कि वन एवं पर्यावरण संरक्षण के महत्व को समझते हुए भविष्य में इनके संरक्षण हेतु अपना योगदान देने का संकल्प भी लिया।


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ललितपुर–सिंगरौली रेलवे लाइन विन्ध्य की विकास रेखा: उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल, 2028 तक परियोजना पूर्ण करने के निर्देश

भोपाल- उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा है कि ललितपुर–सिंगरौली रेलवे लाइन विन्ध्य क्षेत्र की विकास रेखा सिद्ध होगी। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के पूर्ण होने से न केवल विन्ध्य बल्कि बुंदेलखण्ड क्षेत्र के आर्थिक, औद्योगिक और सामाजिक विकास को नई गति मिलेगी। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल रीवा के नवीन सर्किट हाउस सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में ललितपुर–सिंगरौली रेलवे परियोजना की प्रगति की समीक्षा कर रहे थे।

उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि सीधी–सिंगरौली हाईवे और ललितपुर–सिंगरौली रेलवे परियोजना के पूर्ण होने से इस क्षेत्र में एक नया इंडस्ट्रियल कॉरिडोर विकसित होगा। सिंगरौली तक रेलवे लाइन के जुड़ जाने से विन्ध्य क्षेत्र का पूर्वोत्तर राज्यों से सीधा रेल संपर्क स्थापित होगा, जिससे लंबी दूरी की ट्रेनों का संचालन संभव होगा। इससे आवागमन में सुविधा, व्यापारिक गतिविधियों में वृद्धि तथा रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि निर्धारित लक्ष्य के अनुसार वर्ष 2028 तक सीधी से सिंगरौली तथा पन्ना से खजुराहो तक रेलवे लाइन निर्माण कार्य हर हाल में पूर्ण किया जाए। साथ ही अप्रैल 2026 तक रीवा से सीधी स्टेशन तक का निर्माण कार्य पूरा करने के निर्देश दिए, जिससे रेवांचल एक्सप्रेस का सीधी तक विस्तार किया जा सके।

उप मुख्यमंत्री ने कहा कि रेलवे परियोजनाओं के पूरा होने से विन्ध्य और बुंदेलखण्ड के आर्थिक विकास में तेजी आएगी। उन्होंने रेलवे और प्रशासनिक अधिकारियों को आपसी समन्वय से निर्माण कार्यों में आ रही बाधाओं को दूर करने के निर्देश दिए। साथ ही यह भी कहा कि सीधी एवं सिंगरौली कलेक्ट्रेट में प्रत्येक सोमवार को आयोजित होने वाली टीएल बैठक में रेलवे अधिकारी अनिवार्य रूप से उपस्थित रहकर भू-अर्जन से संबंधित प्रकरणों का शीघ्र निराकरण करें। कलेक्टरों को हर सप्ताह परियोजना की प्रगति की समीक्षा करने के निर्देश दिए गए।

उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने स्पष्ट कहा कि भू-अर्जन कार्यों में किसी भी प्रकार की देरी न हो तथा किसानों के हितों को सर्वोपरि रखते हुए पारदर्शी ढंग से भू-अर्जन किया जाए। बैठक में जानकारी दी गई कि सीधी से गजरही तक भू-अर्जन का कार्य पूर्ण हो चुका है, जबकि गजरही से गोपद नदी तथा सिंगरौली तक भू-अर्जन की प्रक्रिया तेज़ी से जारी है। इन कार्यों के लिए टेंडर जारी किए जा चुके हैं और भू-अर्जन पूर्ण होते ही निर्माण एजेंसी द्वारा कार्य प्रारंभ किया जाएगा। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि भू-अर्जन के बाद किसी प्रकार के पूरक प्रस्ताव की आवश्यकता न पड़े, इसका विशेष ध्यान रखा जाए।

इस अवसर पर पश्चिम मध्य रेलवे की महाप्रबंधक श्रीमती शोभना बंदोपाध्याय ने बताया कि 31 मार्च 2026 तक सीधी रेलवे लाइन का कार्य पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने कहा कि रेलवे और प्रशासनिक अधिकारियों के समन्वय से निर्माण कार्य तेज़ी से किया जा रहा है। गोपद नदी से सिंगरौली तक भू-अर्जन की प्रक्रिया जारी है तथा सिंगरौली तक रेलवे लाइन का निर्माण कार्य दिसंबर 2028 तक पूर्ण कर लिया जाएगा।

महाप्रबंधक ने बताया कि सतना से पन्ना जिले के सकरिया तक मार्च माह तक रेलवे लाइन बिछाने का कार्य पूरा हो जाएगा। पन्ना से अजयगढ़ तथा अजयगढ़ से खजुराहो तक रेलवे लाइन बिछाने में लगभग 18 महीने का समय लगेगा। उन्होंने बताया कि इस क्षेत्र में फिलहाल वन विभाग से कार्य की अनुमति प्राप्त नहीं हुई है। साथ ही यह भी जानकारी दी कि पश्चिम मध्य रेलवे जोन को वर्ष 2024–25 में उत्कृष्ट कार्यों के लिए गोविंद वल्लभ पंत शील्ड से सम्मानित किया गया है।

बैठक में सांसद रीवा श्री जनार्दन मिश्र, कमिश्नर श्री बी.एस. जामोद, कलेक्टर रीवा श्रीमती प्रतिभा पाल, कलेक्टर सीधी श्री स्वरोचिष सोमवंशी, कलेक्टर सिंगरौली श्री गौरव बैनल, पश्चिम मध्य रेलवे के मुख्य प्रशासनिक अधिकारी श्री एम.एस. हाशमी, रेलवे के वरिष्ठ अधिकारी, संबंधित क्षेत्र के एसडीएम एवं विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में परियोजना की सेक्शनवार प्रगति की विस्तृत जानकारी भी प्रस्तुत की गई।

भारतीय जैन मिलन क्षेत्र-10 की छठवीं कोर कमेटी बैठक संपन्न, 14 फरवरी 2026 को सागर में होगा भव्य क्षेत्रीय अधिवेशन

सागर— भारतीय जैन मिलन क्षेत्र संख्या-10 की छठवीं कोर कमेटी बैठक होटल मैजिक प्लाजा, सागर में सफलतापूर्वक संपन्न हुई। बैठक में वरिष्ठ राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अतिवीर कमलेंद्र जैन एवं राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अतिवीर इं. आर. के. जैन मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि बैठक की अध्यक्षता क्षेत्रीय अध्यक्ष श्री अरुण चंदेरिया ने की। बैठक का उद्देश्य संगठन की प्रगति की समीक्षा, आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा तय करना तथा क्षेत्रीय अधिवेशन के आयोजन को अंतिम रूप देना रहा।

बैठक में क्षेत्र अंतर्गत विभिन्न शाखाओं द्वारा प्रस्तुत की गई वार्षिक प्रगति रिपोर्ट पर विस्तृत चर्चा की गई। शाखाओं द्वारा वर्ष भर किए गए सामाजिक, धार्मिक एवं संगठनात्मक कार्यों की सराहना करते हुए सर्वश्रेष्ठ एवं श्रेष्ठ शाखाओं का चयन किया गया। पदाधिकारियों ने कहा कि शाखाओं की सक्रियता और सेवा कार्य ही संगठन की वास्तविक पहचान है।

बैठक में वर्ष 2025–26 के वार्षिक क्षेत्रीय अधिवेशन के आयोजन को लेकर महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया। सर्वसम्मति से यह निर्णय हुआ कि क्षेत्रीय अधिवेशन 14 फरवरी 2026, शनिवार को पद्माकर सभागृह, सागर में आयोजित किया जाएगा। इस अधिवेशन का आतिथ्य जैन मिलन नगर सागर एवं महिला जैन मिलन मुख्य शाखा कटरा सागर द्वारा किया जाएगा। अधिवेशन में भारतीय जैन मिलन के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री सुरेश जैन ‘ऋतुराज’ सहित सभी केंद्रीय निर्वाचित पदाधिकारियों को आमंत्रित किए जाने पर भी सहमति बनी।

इस अवसर पर क्षेत्रीय अध्यक्ष श्री अरुण चंदेरिया ने संगठन की एकता, अनुशासन और सेवा भावना पर जोर देते हुए कहा कि जैन मिलन सामाजिक सरोकारों के साथ-साथ संस्कार, सेवा और संगठन सुदृढ़ीकरण के लिए निरंतर कार्य कर रहा है। मुख्य अतिथियों ने भी संगठन की गतिविधियों की सराहना करते हुए सभी पदाधिकारियों को समर्पण भाव से कार्य करने के लिए प्रेरित किया।

बैठक में कार्यकारी अध्यक्ष वीर संजय जैन शक्कर, वीर जिनेश जैन बहरोल, वीरांगना क्षेत्रीय मंत्री कविता जैन (दमोह), क्षेत्रीय कोषाध्यक्ष वीर प्रमोद जैन भाईजी, उपाध्यक्ष दिलेश चौधरी, मंजू सतभैया, मनीष विद्यार्थी, मुख्य संयोजक सुधीर जैन डब्बू तथा वीरांगना अर्चना लिवाज (दमोह) सहित अनेक पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे। बैठक का समापन संगठन को और अधिक सशक्त बनाने के संकल्प के साथ हुआ।

शांतिकुंज हरिद्वार से लौटीं समयदानी बहनों का खंडवा में ऐतिहासिक स्वागत, सेवा-समर्पण का हुआ सम्मान

खंडवा— अखिल विश्व गायत्री परिवार, शांतिकुंज हरिद्वार में अखंड ज्योति पत्रिका के 100 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजित शताब्दी वर्ष समारोह-2026 में सेवा एवं समयदान कर लौट रही समयदानी बहनों का खंडवा रेलवे स्टेशन पर गायत्री शक्तिपीठ परिवार द्वारा भव्य, भावपूर्ण और गरिमामय स्वागत किया गया। इस अवसर पर बहनों पर पुष्प वर्षा कर उनका अभिनंदन किया गया तथा स्नेहपूर्वक भोजन व्यवस्था भी की गई।

शांतिकुंज हरिद्वार के बैरागी द्वीप से लौटी इन देवकन्याओं ने 31 दिसंबर 2025 से 30 जनवरी 2026 तक शांतिकुंज में निवास कर विभिन्न सेवाओं के माध्यम से समयदान किया। शताब्दी समारोह के दौरान इन बहनों ने अनुशासित दिनचर्या, सेवा-भाव और आध्यात्मिक समर्पण के साथ अनेक दायित्वों का निर्वहन किया, जिससे आयोजन की गरिमा और सफलता में महत्वपूर्ण योगदान मिला।

इस सेवा दल में खंडवा सहित प्रदेश के 34 जिलों— जुलवानिया, किशनपुरा, टोकरखेड़ा, सिरसौद, माथपुर, आमोदा, अटूट भिकारी, सनावद, रामपुर, सुल्तानपुर, सोमला डाबी, ओझरा, बामंदी, खड़कवानी, सोनखेड़ी मथडाई, बड़वाह, कटार, कोदला खेड़ी, सागर, सीहोर, सिंगरौली, खरगोन सहित अनेक क्षेत्रों से आई सेवा धारी कन्याएं शामिल रहीं। सभी ने एकजुट होकर गायत्री परिवार के आदर्शों के अनुरूप सेवा, साधना और संस्कार के कार्यों में सहभागिता निभाई।

गायत्री परिवार के श्री देवा भावसार ने जानकारी देते हुए बताया कि देवकन्या पूर्णिमा पवार एवं बृजेश पटेल का विशेष स्वागत ट्रस्टी श्री आनंदीलाल सोनी, श्रीमती अरुणा शर्मा एवं उमा सोलंकी द्वारा किया गया। वहीं खंडवा गायत्री शक्तिपीठ के अजय लाड़, देवा भावसार, संजय महाजन एवं श्री सोनटके बाबूजी सहित अनेक गायत्री परिजनों ने सभी देवकन्याओं का पुष्प वर्षा कर अभिनंदन किया।

स्वागत समारोह के दौरान वक्ताओं ने कहा कि समयदान और सेवा भावना गायत्री परिवार की पहचान है। शांतिकुंज में दी गई सेवाएं न केवल व्यक्तिगत आत्मविकास का माध्यम हैं, बल्कि समाज में संस्कार, अनुशासन और नैतिक मूल्यों को सुदृढ़ करने का भी कार्य करती हैं। समयदानी बहनों का यह समर्पण समाज के लिए प्रेरणास्रोत है।

अंत में सभी समयदानी बहनों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए गायत्री परिवार ने विश्वास व्यक्त किया कि ऐसे सेवा-आधारित आयोजन सामाजिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक चेतना को और अधिक मजबूत करेंगे।

गुरुवार, 29 जनवरी 2026

सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल के प्रयास से गोवा एक्सप्रेस का बुरहानपुर स्टेशन पर स्टॉपेज आज से होगा शुरू | सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल दिखाएंगे हरी झंडी, खंडवा बुरहानपुर के अप डाउनर्स को होगा लाभ

खंडवा- सांसद ज्ञानेश्वर की मांग को मानते हुए रेल मंत्रालय ने गोवा एक्सप्रेस का ठहराव बुरहानपुर करने का परिपत्र जारी किया है। गोवा एक्सप्रेस के बुरहानपुर स्टेशन पर ठहराव से खंडवा और बुरहानपुर के बीच प्रतिदिन यात्रा करने वाले यात्रियों को भी लाभ मिलेगा।  प्रवक्ता सुनील जैन और मध्य रेल क्षेत्रीय परामर्श दात्री समिति सदस्य मनोज सोनी ने बताया कि  सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल के लगातार मांग और प्रयासो के चलते ट्रेन संख्या 12779/80 ह निजामुद्दीन वास्को डी गामा गोवा एक्सप्रेस का ठहराव की बुरहानपुर स्टेशन पर मंजूरी रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने दी है। सांसद पाटिल लंबे समय से इस ट्रेन के ठहराव के लिए जद्दोजहद कर रहे थे लेकिन तकनीकी कारणों का हवाला देकर यहां ठहराव देने में रेल विभाग असमर्थता जता रहा था। लेकिन सांसद ज्ञानेश्वरटी पाटिल बार बार रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से मुलाकात कर ठहराव के लिए अड़े हुए थे । आखिरकार उनके प्रयासों से ठहराव की मांग मंजूरी कर ली गई हैं। इस ट्रेन के बुरहानपुर ठहराव से खंडवा और बुरहानपुर के बीच अप डाउनर्स जिसमें विद्यार्थी, व्यापारी वर्ग, शासकीय, अशासकीय कर्मचारियों का आना जाना सुविधाजनक होगा।
शुक्रवार ( 30 जनवरी)को दोपहर 1.30 बजे  सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल बुरहानपुर स्टेशन पर ट्रेन के आगमन पर लोको पायलट,ट्रेन मैनेजर का स्वागत कर हरि झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। प्रवक्ता सुनील जैन ने बताया कि सांसद श्री पाटिल द्वारा रेल मंत्री एवं अधिकारियों से मिलकर कई ट्रेनों का स्टॉपेज बुरहानपुर और खंडवा में करवाया है,
सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल ने रेल मंत्री का आभार व्यक्त कर कहा है कि गोवा एक्सप्रेस के बुरहानपुर में ठहराव से
खंडवा बुरहानपुर के अप डाउनर्स को अधिक सुविधा मिलेगी। साथ ही बुरहानपुर जिलेवासियों को पुणे, वास्को डी गामा, भोपाल  निजामुद्दीन की प्रतिदिन चलने वाली ट्रेन की सुविधा मिलेगी।

वन, पर्यावरण और भविष्य की रक्षा का संदेश: पूर्व कालीभीत में अनुभूति कार्यक्रम आयोजित

खंडवा- वन परिक्षेत्र पूर्व कालीभीत (सामान्य) द्वारा मध्यप्रदेश इको पर्यटन विकास बोर्ड के सहयोग से अनुभूति कार्यक्रम के अंतर्गत स्कूली विद्यार्थियों हेतु प्रशिक्षण सह जागरूकता अभियान का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम पूर्व कालीभीत वन परिक्षेत्र के एमपीसीए कक्ष क्रमांक 580 में संपन्न हुआ। आयोजन का मुख्य उद्देश्य छात्राओं को प्रकृति, वन एवं पर्यावरण संरक्षण के महत्व से अवगत कराना तथा उन्हें भविष्य का जिम्मेदार, संवेदनशील और जागरूक नागरिक बनाना रहा।

कार्यक्रम में एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय, रोशनी की लगभग 120 छात्राओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। अनुभूति शिविर के दौरान छात्राओं को वनों के महत्व, जैव विविधता संरक्षण, पर्यावरण संतुलन, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव, जल संरक्षण, पौधरोपण तथा वन एवं वन्यजीव संरक्षण जैसे विषयों पर विस्तृत एवं व्यवहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया। प्रशिक्षण सत्रों में संवादात्मक प्रस्तुतियों, उदाहरणों एवं गतिविधियों के माध्यम से छात्राओं को प्रकृति के प्रति संवेदनशील बनाया गया।

पूर्व कालीभीत (रोशनी) सामान्य के वन परिक्षेत्र अधिकारी श्री विरेंद्र अचालिया ने जानकारी देते हुए बताया कि इस वर्ष का अनुभूति कैंप “हम हैं धरती के दूत, अब अकेला नहीं” थीम पर आधारित रहा। इस विषय के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि पृथ्वी, वन एवं पर्यावरण की रक्षा किसी एक व्यक्ति या संस्था की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि समाज के प्रत्येक नागरिक की सामूहिक भागीदारी से ही पर्यावरण संरक्षण संभव है। विशेष रूप से युवा पीढ़ी की भूमिका इस दिशा में अत्यंत महत्वपूर्ण है।

अनुभूति कैंप के मास्टर ट्रेनर श्री मुकेश राठौर ने बताया कि इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम विद्यार्थियों के भीतर प्रकृति के प्रति अपनत्व, जिम्मेदारी एवं संरक्षण की भावना को मजबूत करते हैं। उन्होंने इको-पर्यटन की अवधारणा पर प्रकाश डालते हुए बताया कि किस प्रकार सतत विकास के साथ-साथ प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण किया जा सकता है, ताकि आने वाली पीढ़ियों को सुरक्षित एवं स्वच्छ पर्यावरण मिल सके।

कार्यक्रम के दौरान छात्राओं ने पर्यावरण संरक्षण, जल एवं वन संरक्षण, पौधरोपण तथा वन्यजीवों की सुरक्षा हेतु अपने-अपने स्तर पर सकारात्मक प्रयास करने का संकल्प लिया। छात्राओं की सक्रिय सहभागिता ने यह सिद्ध किया कि सही मार्गदर्शन एवं प्रशिक्षण से बालिकाएं भी पर्यावरण संरक्षण की सशक्त संवाहक बन सकती हैं।

इस अवसर पर वार्ड क्रमांक 10 के जनपद पंचायत सदस्य श्री मनीराम पालवी की उपस्थिति ने कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई। कार्यक्रम के सफल आयोजन में श्री नरेन्द्र यादव, श्री सोहनसिंह सोलंकी, श्री गणेश काजले, श्री श्यामसिंह बघेल (वनपाल), श्री सूरजसिंह चौहान (कार्यवाहक उपवनक्षेत्राधिकारी) एवं श्री कैलाश सोलंकी (कार्यवाहक) सहित वनरक्षक श्री प्रदीप औझा, श्री मंगलसिंह किराड़े, श्री सौरभ तिवारी, श्री सुनील कुमार पटेल, श्री सोनू माण्डले, श्री ब्रिजेश कलमें, श्री राजेश बघेल, श्री आशुतोष मिश्रा, श्री उद्देश्य पटेल, श्री चेतन भलावी, श्री रमेश सोलंकी, श्री जयेश अत्रे, कु. कृष्णा टिकरिया, श्री राजकुमार दुबे, श्री अजय कुमार बैगा, श्री बसंत तोमर एवं श्री सिद्धार्थ श्रीवास्तव का उल्लेखनीय सहयोग रहा।

कार्यक्रम के समापन पर वन विभाग द्वारा यह विश्वास व्यक्त किया गया कि अनुभूति कार्यक्रम जैसे प्रयासों से भविष्य की पीढ़ी को प्रकृति के प्रति जागरूक, संवेदनशील एवं जिम्मेदार नागरिक के रूप में तैयार किया जा सकेगा, जो धरती एवं पर्यावरण संरक्षण में सक्रिय भूमिका निभाएंगे। 

कार्यक्रम के दौरान एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय रोशनी के छात्र छात्राओं द्वारा पारम्परिक नृत्य प्रस्तुत किया गया।



वन विभाग द्वारा आयोजित अनुभूति कैंप के दौरान वाइल्डलाइफ रिसर्च एंड कंजर्वेशन सोसाइटी (WRCS), पुणे द्वारा दुर्लभ एवं लुप्तप्राय फॉरेस्ट औलेट (Forest Owlet) विषय पर एक विशेष जानकारीपरक सत्र का आयोजन किया गया। इस अवसर पर WRCS के संरक्षण अधिकारी श्री संदीप शाह ने फॉरेस्ट औलेट के पारिस्थितिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए कालीभीत एवं अवलिया रेंज में इस प्रजाति के संरक्षण हेतु संचालित विभिन्न उपायों की जानकारी दी। 

उन्होंने बताया कि प्राकृतिक आवास की सुरक्षा के लिए सुधारित चूल्हों के वितरण एवं उल्लू मचान (Owl Perches) की स्थापना जैसे नवाचारात्मक प्रयास किए जा रहे हैं। यह महत्वपूर्ण संरक्षण कार्य ‘द हैबिटेट्स ट्रस्ट’ (THT) के सहयोग से तथा वन विभाग की सहकार्यता में किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य प्राकृतिक आवास में फॉरेस्ट औलेट की निरंतरता एवं संरक्षण सुनिश्चित करना है।