रविवार, 31 मई 2026

विश्व तंबाकू निषेध दिवस पर प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस में जागरूकता कार्यक्रम, विद्यार्थियों ने लिया नशामुक्त समाज निर्माण का संकल्प

खंडवा- विश्व तंबाकू निषेध दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस, श्री नीलकंठेश्वर शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, खंडवा में एक प्रभावशाली जनजागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों एवं युवाओं को तंबाकू और निकोटिन युक्त उत्पादों के सेवन से होने वाले शारीरिक, मानसिक एवं सामाजिक दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना तथा उन्हें स्वस्थ एवं नशामुक्त जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना था।

महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. एस.पी. सिंह के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों, राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों तथा महाविद्यालयीन स्टाफ ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डॉ. सिंह ने कहा कि तंबाकू आज केवल एक स्वास्थ्य समस्या नहीं, बल्कि एक गंभीर सामाजिक चुनौती बन चुकी है। विशेष रूप से युवा वर्ग तंबाकू एवं अन्य नशीले पदार्थों के आकर्षण में आकर अपने स्वास्थ्य, शिक्षा और भविष्य को संकट में डाल रहा है। उन्होंने कहा कि तंबाकू सेवन कैंसर, क्षय रोग (टीबी), हृदय रोग, फेफड़ों की बीमारियों सहित अनेक घातक रोगों का प्रमुख कारण है। समाज को इस बुराई से मुक्त करने के लिए युवाओं की सक्रिय भागीदारी अत्यंत आवश्यक है।

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) द्वारा वर्ष 2026 के लिए निर्धारित थीम “आकर्षण का पर्दाफाश : निकोटिन और तंबाकू की लत का मुकाबला” के अनुरूप महाविद्यालय में भाषण एवं पोस्टर प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। प्रतियोगिताओं के माध्यम से विद्यार्थियों ने रचनात्मक अभिव्यक्ति के जरिए तंबाकू सेवन के दुष्परिणामों और नशामुक्त जीवन के महत्व को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया।

भाषण प्रतियोगिता में रितिका धोटे, रिनेश, आशीष शाह एवं मिलेश बर्डे ने तंबाकू के दुष्प्रभावों, युवाओं पर उसके प्रभाव तथा समाज में जागरूकता की आवश्यकता पर अपने विचार व्यक्त किए। वहीं पोस्टर प्रतियोगिता में रिनेश, नौरिन, रुपेश सिसोदिया एवं काजल ने अपने सशक्त संदेशों और आकर्षक चित्रों के माध्यम से तंबाकू विरोधी जनजागरण का संदेश दिया। विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत संदेश— “दुनिया को है बचाना, नशे की चीजों से दूरी है बनाना”— कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रहा।

कार्यक्रम प्रभारी अमित कुमार अब्राहम ने विद्यार्थियों को राष्ट्रीय नशा मुक्ति हेल्पलाइन 14446 की जानकारी देते हुए बताया कि नशे की समस्या से जूझ रहे व्यक्ति अथवा उनके परिजन इस हेल्पलाइन की सहायता प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने युवाओं से नशे के विरुद्ध जागरूकता अभियान में सहभागी बनने का आह्वान किया।

कार्यक्रम के समापन अवसर पर राष्ट्रीय सेवा योजना प्रभारी डॉ. महेश भाबोर ने उपस्थित विद्यार्थियों, स्वयंसेवकों एवं स्टाफ सदस्यों को तंबाकू एवं अन्य नशीले पदार्थों से दूर रहने तथा समाज में नशामुक्ति का संदेश फैलाने की शपथ दिलाई। सभी प्रतिभागियों ने तंबाकू मुक्त एवं स्वस्थ समाज के निर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका निभाने का संकल्प लिया।

यह कार्यक्रम केवल जागरूकता तक सीमित नहीं रहा, बल्कि विद्यार्थियों के भीतर सामाजिक उत्तरदायित्व, स्वास्थ्य के प्रति सजगता तथा नशामुक्त भारत के निर्माण की भावना को भी सुदृढ़ करने में सफल रहा।

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